आगामी हिन्दू संगम की तैयारियों ने पकड़ी गति : कबीरधाम जिले के सभी खंडों में कार्यकारिणी घोषित

आशु चंद्रवंशी,बोड़ला।छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी मौनी अमावस्या पर 06 दिवसीय हिंदू संगम कार्यक्रम का भव्य आयोजन होने जा रहा है।13 जनवरी 2026 से शुरू होने वाले छह दिवसीय भव्य हिन्दू संगम कार्यक्रम की तैयारियों ने जोर पकड़ लिया है। इस महत्वपूर्ण आयोजन को सफल बनाने और संगठन के उद्देश्यों को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से, जिले के सभी खंड मुख्यालयों में खंड स्तरीय बैठकें आयोजित की गईं। इन बैठकों में विभिन्न आनुषांगिक संगठनों के कार्यकर्ताओं ने भारी संख्या में उत्साहपूर्वक भाग लिया।खंड स्तर पर कार्यकारिणी की घोषणा हिन्दू संगम आयोजन समिति के संयोजक दुर्गेश वर्मा व प्रतिनिधिमंडल के मार्गदर्शन में हुई इन बैठकों में सर्वसम्मति से महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। हिन्दू संगम आयोजन समिति के संयोजक दुर्गेश वर्मा ने बताया कि आयोजन की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए सभी खंडों में नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई। यह भी निर्णय लिया गया कि आगामी दिनों में मंडल स्तर पर भी बैठकें आयोजित कर वहां भी कार्यकारिणी का विस्तार किया जाएगा। वहीं खंडवार नियुक्त पदाधिकारी
तैयारी बैठकों में घोषित खंड स्तरीय पदाधिकारियों के नाम इस प्रकार हैं:
बोड़ला खंड संयोजक: रामकिंकर वर्मा,सह संयोजक: कपूरचन्द ठाकरे, कांशीराम उइके, राजेश साहू, चेतन विश्वकर्मा,पालक: भुवन यादव,लोहारा खंड संयोजक: परेटन वर्मा,सह संयोजक: द्वारिका साहू पालक: मनोज साहू,पंडरिया खंड पालक: होरीलाल गेबल, कवर्धा खंड पालक: सावन चंद्रवंशी,कवर्धा नगर पालक: प्रहलाद साहू सहित सभी कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया है कि वे पूरी निष्ठा के साथ इस महाआयोजन को सफल बनाने के लिए जुट हो जाएंगे, ताकि अधिकाधिक लोगों तक संगठन के उद्देश्यों को पहुंचाया जा सके और उन्हें इससे जोड़ा जा सके। वहीं कार्यकर्ताओं को आयोजन की विस्तृत जानकारी साझा की गई, जिसे वे आमंत्रण के साथ घर-घर तक ले जाएंगे।छह दिवसीय कार्यक्रम 13 जनवरी 2026 से शुरू होने वाले हिन्दू संगम में प्रतिदिन विशिष्ट कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे,13 जनवरी: कलश यात्रा व मातृशक्ति सम्मेलन,14 जनवरी: परिवार सम्मेलन,15 जनवरी: बैगा गुनिया सम्मेलन,16 जनवरी: पुजारी पुरोहित कथावाचक सम्मेलन,17 जनवरी: युवा सम्मेलन,18 जनवरी: हिन्दू सम्मेलन व धर्मसभा का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा,जिसमें सर सहकार्यवाह रामदत्त चक्रधर जी का मार्गदर्शन प्राप्त होगा।



